30 के बाद हड्डियों में झनझनाहट और थकान? जानिए गोंद कतिरा और इन 7 सुपरफूड्स से कैसे बनें दोबारा मजबूत!
हड्डियों में झनझनाहट और थकान अगर 30 की उम्र पार करने के बाद आपके शरीर में थकान, हड्डियों में झनझनाहट या कमजोरी महसूस होती है — तो इसे नज़रअंदाज़ न करें।
ये संकेत हैं कि आपके शरीर में कैल्शियम, विटामिन D और मिनरल्स की कमी शुरू हो चुकी हैं।
लेकिन अच्छी खबर ये है — आप इसे खाने की सही चीजों और गोंद कतिरा जैसी देसी औषधियों से आसानी से ठीक कर सकते हैं।
इस ब्लॉग में, हम आपसे बताएंगे कि 30 के बाद हड्डियां क्यों कमजोर होती हैं, किन चीज़ों से बचना चाहिए और क्या खाएं ताकि शरीर दोबारा एनर्जी और ताकत से भर जाए।
30 के बाद हड्डियों में झनझनाहट और थकान के प्रमुख कारण
1. कैल्शियम और विटामिन D की कमी
धूप और दूध जैसे स्रोतों की कमी से हड्डियों की मज़बूती घटने लगती है।
2. निष्क्रिय जीवन के कारण (Sedentary Life)
रोज़ 8-10 घंटे बैठकर काम करने से मसल्स और बोन डेंसिटी दोनों पर असर पाछता है।
3. हार्मोनल बदलाव (Hormonal Imbalance)
30 के बाद, खासकर महिलाओं में, एस्ट्रोजन का स्तर घटने लगता है जो बोन हेल्थ को प्रभावित करता है।
4. तनाव और नींद की कमी
स्ट्रेस और कम नींद से शरीर की रिपेयर प्रोसेस धीमी हो जाती है, जिससे थकान बनी रहती है।
5. पानी और मिनरल्स की कमी
एनेफेलमा (प्यूरपुरा प्रिनर्मा) को रोकने और तंत्रिकाओं का पोषण करने के लिए पर्याप्त पानी और इलेक्ट्रोलाइट्स न लेने से नसों में झनझनाहट और सुन्नपन होता है।

हड्डियों में झनझनाहट और थकान मजबूत बनाने वाले खाने की चीज़ें (Best Foods for Bone Health 2025)
1. दूध, दही और पनीर
इन तीनों कैल्शियम, प्रोटीन और फॉस्फोरस के सबसे बड़े स्रोत हैं।
सुबह-शाम एक गिलास दूध पीना नियमित बनाएं।
2. अंडा और मछली
इनमें पाया जाने वाला विटामिन D3 और ओमेगा-3 फैटी एसिड हड्डियों में कैल्शियम जमा रखनेमें मदद करते हैं।
3. हरी पत्तेदार सब्जियां
पालक, मेथी, बथुआ, सरसों – ये शरीर को आयरन, मैग्नीशियम और कैल्शियम प्रदान करती हैं।
4. ड्राई फ्रूट्स और बीज (Nuts & Seeds)
बादाम, अखरोट, चिया सीड्स और अलसी दैनिक खाएं।
ये बोन डेंसिटी बढ़ाने में मददगार हैं।
5. विटामिन C वाले फल
संतरा, नींबू, अमरूद और कीवी आदि फल कोलेजन के निर्माण में सहायक होते हैं, जो हड्डियों को लचीला बनाता है।
6. लहसुन और प्याज
वे एंटीऑक्सीडेंट्स और सल्फर कंपाउंड्स बनाते हैं जो हड्डियों के लिए प्रोटेक्टिव शील्ड जैसे कार्य करते हैं।

7. गोंद कतिरा – हड्डियों का देसी टॉनिक
गोंद कतिरा (Tragacanth Gum) एक प्राकृतिक ठंडाई और शक्ति बढ़ाने वाला आहार है।
यह हड्डियों को अंदर से मजबूत करने में बेहद असरदार माना जाता है।
कैसे लें:
👉रात को एक चम्मच गोंद कतिरा पानी में भिगो दें।
👉सुबह इसे फुला हुआ जेल जैसा मिलेगा — इसे दूध या नींबू पानी में मिलाकर पी लें।
रोजाना 1 चम्मच गोंद कतिरा लेने से हड्डियों की झनझनाहट, थकान और कमजोरी में बड़ा फर्क महसूस होगा।
3. हड्डियों में झनझनाहट और थकान दूर करने के घरेलू उपाय
- सुबह की धूप लें (15–20 मिनट) – प्राकृतिक Vitamin D का सबसे अच्छा स्रोत।
- हल्का योग और स्ट्रेचिंग करें – ब्लड सर्कुलेशन बढ़ाता है।
- ज्यादा देर एक जगह न बैठें – हर आधे घंटे में थोड़ा चलें।
- रात को भरपूर नींद लें (7–8 घंटे) – शरीर की रिपेयर प्रोसेस को सपोर्ट करता है।
- ज्यादा नमक और चीनी से परहेज़ करें – ये कैल्शियम अवशोषण को रोकते हैं।
वीडियो स्रोत: YouTube — “How to keep BONES HEALTHY? | Food & Exercises for Bones”
4. कब डॉक्टर से मिलें हड्डियों में झनझनाहट और थकान
हड्डियों में झनझनाहट और थकान लगातार बनी रहे, चलने या उठने में दर्द बढ़े या शरीर सुन्न हो जाए —
तो यह विटामिन बी12 या न्यूरोपैथी का संकेत हो सकता है।
इस स्थिति में ये ब्लड टेस्ट कराएं:
- विटामिन D3
- विटामिन बी12
- कैल्शियम लेवल
डॉक्टर की सलाह पर सप्लीमेंट्स और संतुलित आहार अपनाएं।

5. हड्डियों को फिर से मजबूत करने के 5 पक्के उपाय
हड्डियों में झनझनाहट और थकान मजबूत करने के 5 पक्के उपाय
1.दिन भर 30 मिनट वॉक या योग करें।
2. प्रोटीन को अपनी डाइट का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाएं।
3. शराब, सॉफ्ट ड्रिंक्स और धूम्रपान से बचें।
4. दिन में सुबह 1 चम्मच गोंद कतिरा लें।
5. संतुलित आहार + मानसिक शांति = मजबूत शरीर।
निष्कर्ष
हड्डियों में झनझनाहट और थकान 30 के बाद शरीर में बदलाव आना सामान्य है, लेकिन उसे नज़रअंदाज़ करना गलत है।
यदि आप दिन में थोड़ी धूप लें, सही खाएं, और गोंद कतिरा को अपनी डाइट में शामिल करें, हड्डियों में झनझनाहट और थकान
तो न सिर्फ झनझनाहट और थकान दूर होगी, बल्कि हड्डियाँ भी फिर से मजबूत बनेंगी।
याद रखें — सही खान-पान ही असली मेडिसिन है।

